प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सुबह रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) कॉरिडोर के दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ ट्रेनों के प्राथमिकता खंड का उद्घाटन किया। दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ आरआरटीएस कॉरिडोर का 17 किलोमीटर लंबा प्राथमिकता वाला खंड 21 अक्टूबर (शनिवार) को यात्रियों के लिए खोला जाना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को साहिबाबाद से दुहाई डिपो को जोड़ने वाली रैपिडएक्स ट्रेन – ‘नमो भारत’ के स्कूली बच्चों और चालक दल के साथ ट्रेन में बातचीत करते देखा गया। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने अप्रैल में आरआरटीएस ट्रेनों का नाम ‘रैपिडएक्स’ रखा था। NCRTC भारत की पहली सेमी-हाई-स्पीड क्षेत्रीय रेल सेवा परियोजना लागू कर रहा है।
आरआरटीएस एक नया रेल-आधारित, सेमी-हाई-स्पीड, हाई-फ़्रीक्वेंसी कम्यूटर ट्रांज़िट सिस्टम है जिसकी डिज़ाइन गति 180 किमी प्रति घंटा है। एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट में, केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने घोषणा की कि आरआरटीएस ट्रेनों को ‘नमो भारत’ के नाम से जाना जाएगा। मंत्री ने कहा कि करोड़ों लोगों की आकांक्षाओं से जुड़ा आरआरटीएस प्रोजेक्ट का प्राथमिकता गलियारा पटरी पर आने के लिए तैयार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 20 अक्टूबर को इसे राष्ट्र को समर्पित करेंगे। देश के रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम को ‘नमो भारत’ के नाम से जाना जाएगा।
100-160KM प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़गी नमो भारत
बता दें कि पहले चरण में RapidX या नमो भारत गाजियाबाद के साहिबाबाद से दोहाई डिपो के बीच चलेगी. इसके पहले फेज में 5 स्टेशन होंगे. इनमें साहिबाबाद, गाजियाबाद, गुलधर, दुहाई और दुहाई डिपो स्टेशन शामिल हैं. पूरी तरह से ऑपरेशनल होने के बाद इसकी रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटे से 160 किलोमीटर प्रति घंटे तक होगी. RapidX साहिबाबाद से दुहाई डेपो के बीच 17 किलोमीटर की दूरी 15 से 17 मिनट में पूरी करेगी. इसकी फ्रीक्वेंसी 15 मिनट रखी गई है. यह हर स्टेशन पर 30 सेकंड के लिए रुकेगी.