छतरपुर। मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में एक बार फिर खुले बोरवेल में बच्ची गिरने का मामला सामने आया है। तीन साल की बच्ची खेलते-खेलते 30 फीट गहरे बोरवेल में गिर गई है। घटना शाम पांच के आसपास की बताई जा रही है। जानकारी लगते ही प्रशासन की टीम पहुंच गई है।
पांच घंटे की मशक्कत के बाद बच्ची को सुरक्षित निकाल लिया गया है। जानकारी के अनुसार मामला बिजावर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम ललगुवां (पाली) का है। तीन वर्षीय बच्ची खेलते समय खुले बोरवेल में गिर गई। बच्ची का नाम नैंसी विश्वकर्मा है।
मुख्यमंत्री ने दी बधाई
बोरवेल में गिरी बच्ची को सकुशल बाहर निकालने पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जिला प्रशासन, पुलिस बल और बचाव दल को बधाई दी। उन्होंने बच्ची की मां से फोन पर बात की और हालचाल जाना।
सीएम ने ट्वीट कर लिखा, ‘यह हम सबके लिए अत्यंत खुशी की बात है कि छतरपुर जिले के ललगुवां गाँव में बोरवेल में गिरी बेटी को सकुशल निकाल लिया गया है। इसमें सहयोग करने वाले जिला प्रशासन के सभी साथियों और नागरिकों के प्रति आभार व्यक्त करता हूं। बेटी की मां से फोन पर बात की है। यह जानकर संतोष और आनंद हुआ कि बेटी स्वस्थ है। उसे जनरल चेकअप के लिए अस्पताल ले जाया गया। मेरी शुभकामनाएं और आशीर्वाद बेटी के साथ हैं। मामा शिवराज सदैव तुम्हारे साथ हैं!’
कुछ महीनो पहले ही हुआ था हादसा
कुछ महीनों पहले ही छतरपुर जिले के नारायणपुरा गांव में 5 साल का जितेंद्र यादव खुले बोरवेल में जा गिरा था काफी मशक्कत के बाद आखिरकार जितेंद्र को बचा लिया गया था। इसके बाद छतरपुर कलेक्टर संदीप जीआर ने सख्त आदेश दिए थे कि अगर कोई भी बोरवेल खुला पाया गया तो संबंधित क्षेत्र के पटवारी एवं जिसके यहां बोरवेल है उस पर 304 A यानी गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाएगा। लेकिन एक बार फिर मामले में जिला प्रशासन की लापरवाही सामने आई है।