शाहजहांपुर (बीएपी संवाद)। स्वामी शुकदेवानंद लॉ कॉलेज कानून की शिक्षा प्रदान करने के लिए समर्पित है और इस संबंध में इसे महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय बरेली के शीर्ष संस्थानों में से एक माना जाता है साथ ही, संस्था का उद्देश्य छात्रों को अन्य सभी आवश्यक सुविधाओं के साथ उच्च गुणवत्ता वाली विश्वस्तरीय कानूनी शिक्षा उपलब्ध कराना है। भारतीय संस्कृति में दीक्षांत का अर्थ है डिग्री के साथ-साथ संस्कार प्राप्त करना भी होता हैं। दीक्षांत संस्थान के अध्यापकों, कर्मचारियों व छात्रों के अनवरत मेहनत का अंतिम समारोह है। यह एक ऐसी यात्रा है जो शायद अस्थायी कदमों के साथ शुरू होती है और हमें न्याय की ऊँचाइयों तक ले जाती है। शिक्षा की इस यात्रा में हम कई असाधारण क्षणों को अनुभव करते हैं और उन यादों का निर्माण करतें हैं जो भावी जीवन में हमे प्रेरणा देती हैं।
जनपद में स्वामी शुकदेवानन्द विधि महाविद्यालय द्वारा 1 मार्च, 2023 को मध्याह्न 02.00 बजे एक भव्य दीक्षान्त समारोह का आयोजन किया जा रहा है। आयोजन के मुख्य अतिथि केरल के राज्यपाल महामहिम, आरिफ मोहम्मद खान होंगे। जबकि रूहेलखण्ड विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो0 के0पी0 सिंह, कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे। दीक्षान्त उद्बोधन प्रो0 बलराज चैहान स्टेट लीडर सी0 आर0 आई0 एस0 पी0 (उ0प्र0), पूर्व कुलपति राममनोहर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय द्वारा दिया जाएगा। इस कार्यक्रम में भारतीय विधिज्ञ परिषद के सह अध्यक्ष श्रीनाथ त्रिपाठी, अमरेन्द्र नाथ सिंह, पूर्व अध्यक्ष (हाईकोर्ट बार एसोसिएशन इलाहाबाद एवं पूर्व-अध्यक्ष उ0प्र0 बार एसोसिएशन, इलाहाबाद) की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी। समारोह में तीन वर्षीय एल-एल0बी0, पाँच वर्षीय एल-एल0बी0 और एल-एल0एम0 के विद्यार्थियों को उपाधि प्रदान की जायेगी। साथ ही परीक्षा में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को मुख्य अतिथि के द्वारा स्वर्ण पदक एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जायेगा। समारोह में सम्मिलित होकर उपाधि लेने हेतु विगत किसी भी सत्र के उत्तीर्ण विद्यार्थी आमन्त्रित हैं। इस हेतु 25 फरवरी तक पंजीकरण किया जायेगा। पंजीकरण कराने वाले विद्यार्थियों को महाविद्यालय द्वारा समारोह में पहनने हेतु दीक्षान्त पटका और कोटी (सदरी) उसी दिन प्रदान की जायेगी।